भद्रकाली दरबार में भागवत कथा की पूर्णाहूति कल: डॉ. योगेन्द्र जोशी की अमृतवर्षा के बीच ‘बाल कृष्ण’ दिव्यांशु बने विशेष आकर्षण

ख़बर शेयर करें

 

भद्रकाली दरबार में भागवत कथा की पूर्णाहूति कल: डॉ. योगेन्द्र जोशी की अमृतवर्षा के बीच ‘बाल कृष्ण’ दिव्यांशु बने विशेष आकर्षण

बागेश्वर (शैल शक्ति ब्यूरो): पावन पुरुषोत्तम मास के शुभ अवसर पर बागेश्वर जनपद के काण्डा कमस्यार स्थित प्रसिद्ध सिद्धपीठ श्रीधाम भद्रकाली में आयोजित भव्य “श्रीमद् भागवत कथा ज्ञान यज्ञ सप्ताह” अपने चरम पर है। पिछले छह दिनों से कथा में उमड़े जनसैलाब, अभूतपूर्व उत्साह और भक्तिमय वातावरण ने क्षेत्र में आध्यात्मिकता की एक अनोखी छटा बिखेरी है। इस धार्मिक अनुष्ठान को लेकर श्रद्धालुओं में भारी उत्साह है और दूर-दराज के क्षेत्रों से माँ के दरबार में भक्तों की लगातार आवाजाही बनी हुई है। इस भव्य कथा का विश्राम और पूर्णाहूति कल, 9 जून मंगलवार को होगी।
इस ज्ञान यज्ञ में व्यास पीठ को सुशोभित करने का गौरव प्रख्यात साहित्याचार्य डॉ. योगेन्द्र प्रसाद जोशी ‘नवल’ (एम.ए. संस्कृत एवं प्राचीन इतिहास, पी.एच.डी.) को प्राप्त हुआ है। उनके श्रीमुख से प्रवाहित हो रही श्रीमद् भागवत कथा की शीतल वारिधारा से पूरा क्षेत्र भक्तिमय हो उठा है। रसिक श्रोता कथा के गूढ़ रहस्यों और अमृतमयी प्रसंगों का रसपान कर आत्मिक आनंद की अनुभूति कर रहे हैं। भौतिक तापों से संतप्त जनमानस को विश्राम देने वाली डॉ. जोशी की इस कथा शैली की हर कोई सराहना कर रहा है।

यह भी पढ़ें 👉  आखिर कौन सी दिव्य और अदृश्य ऊर्जा छिपी है लालकुआँ के इस मंदिर में, जिसने जयपुर के बड़े संत को भी मंत्रमुग्ध कर दिया

दिव्याश बने विशेष आकर्षण का केंद्र
श्री भद्रकाली मन्दिर समिति द्वारा आयोजित इस अनुष्ठान में कथा के विभिन्न प्रसंगों के दौरान बाल कृष्ण के रूप में सजे दिव्यांशु जोशी श्रद्धालुओं के लिए विशेष आकर्षण का केन्द्र बने रहे। बाल कृष्ण के रूप में दिव्यांशु की मनमोहक छवि और दिव्य स्वरूप ने पंडाल में उपस्थित सभी भक्तों का मन मोह लिया और पूरा परिसर जयकारों से गूंज उठा।
मन्दिर समिति ने जानकारी दी है कि मंगलवार को कथा के विश्राम एवं पूर्णाहूति के अवसर पर विशेष पूजा-अर्चना और भव्य भंडारे का आयोजन किया जाएगा। समिति ने समस्त क्षेत्रवासियों और माई भक्तों से इस पावन विसर्जन वेला में सम्मिलित होकर पुण्य लाभ उठाने की अपील की है।