“जिलाधिकारी की सख़्त मॉनिटरिंग का असर : नैनीताल में जन्म–मृत्यु प्रमाण पत्रों के निर्गमन में ऐतिहासिक तेजी, जनता को मिली बड़ी राहत”

ख़बर शेयर करें

 

 

नैनीताल, 1 दिसंबर 2025।
जनसुविधाओं में सुधार और प्रशासनिक कार्यों में पारदर्शिता लाने की दिशा में जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल द्वारा दिए गए निर्देश अब धरातल पर असर दिखा रहे हैं। विशेष रूप से जन्म और मृत्यु प्रमाण पत्रों के निर्गमन की प्रक्रिया अब तेज, सरल और समयबद्ध हो गई है।

जिलाधिकारी ने सभी विभागों को निर्देशित किया था कि सेवा का अधिकार अधिनियम के अंतर्गत प्राप्त आवेदनों का निर्धारित समय सीमा में निस्तारण सुनिश्चित किया जाए, ताकि आम जनमानस को अनावश्यक देरी और परेशानी से मुक्त किया जा सके।

यह भी पढ़ें 👉  “बनभूलपुरा में पुलिस का महाएक्शन मोड : सुप्रीम कोर्ट के फैसले से पहले फ्लैग मार्च, कानून तोड़ने वालों को कड़ी चेतावनी”

पंचायती राज विभाग की कार्यप्रणाली में बड़ा सुधार

जिला पंचायती राज अधिकारी सुरेश बेनी ने बताया कि विभाग ने जन्म एवं मृत्यु प्रमाण पत्र जारी करने की प्रक्रिया को प्राथमिकता पर लेते हुए सेवा वितरण की गति दोगुनी कर दी है।

1 नवंबर से 29 नवंबर 2025 तक उपलब्धि:

जन्म प्रमाण पत्र आवेदन प्राप्त: 340

जारी किए गए प्रमाण पत्र: 431

लंबित आवेदन: केवल 8

मृत्यु प्रमाण पत्र आवेदन प्राप्त: 297

निर्गत प्रमाण पत्र (पूर्व लंबित सहित): 328

पूरे वर्ष के आंकड़े भी उत्साहजनक

1 अप्रैल 2025 से 31 अक्टूबर 2025 की अवधि में

यह भी पढ़ें 👉  ताज़ा बड़ा अपडेट : प्रशासन सख्त मोड में “सरकारी भूमि पर कब्जा कराने वालों पर अब कसेगा शिकंजा , SSP मंजुनाथ टीसी की कड़ी चेतावनी”

जन्म प्रमाण पत्र के 5523 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें सभी प्रमाण पत्र निर्गत कर दिए गए।

मृत्यु प्रमाण पत्र के 2775 आवेदन आए, जिनमें से 2329 प्रमाण पत्र जारी किए जा चुके हैं।

जनता को तेजी से मिल रही सेवा : विश्वास में वृद्धि

जिलाधिकारी के निर्देशों के बाद प्रशासनिक मानसिकता में सकारात्मक परिवर्तन दिखाई दे रहा है। समय पर सेवा मिलने से नागरिकों में प्रशासन के प्रति विश्वास और संतोष बढ़ा है।

स्थानीय निवासियों ने इस व्यवस्था को सराहनीय बताते हुए कहा कि पहले जहाँ प्रमाण पत्रों के लिए लंबी प्रतीक्षा और औपचारिकताओं का सामना करना पड़ता था, वहीं अब प्रक्रिया सरल, सुगम और ऑनलाइन ट्रैकिंग के साथ पारदर्शी हो गई है।

यह भी पढ़ें 👉  नशे से दूरी रखो, संस्कृति को पहचानो भाईजी का युवाओं को प्रेरक संदेश

यह सुधार न केवल प्रशासनिक दक्षता का प्रतीक है, बल्कि ‘सरकार जनता के लिए’ की भावना का भी वास्तविक उदाहरण प्रस्तुत करता है।
जिलाधिकारी के निर्देशों के बाद यह बदलाव आगे भी जिले में सेवाओं के स्तर को बेहतर बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण साबित होगा।

Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad