श्री राम बनवास की मार्मिक लीला ने सभी को भावुक किया। एसआरआई महिला रामलीला में उमड़ रही है भीड़

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हल्द्वानी। 

एसआरआई संस्था द्वारा शीशमहल काठगोदाम में चल रही भव्य महिला रामलीला के चौथे दिन भगवान श्रीराम के वनवास की मार्मिक लीला का मंचन किया गया। भावनाओं से ओत-प्रोत इस प्रस्तुति ने श्रद्धालुओं को इतना भावुक कर दिया कि कई लोगों की आंखों से आंसू छलक पड़े।

राजतिलक की तैयारी से शुरू हुआ प्रसंग

मंचन में दर्शाया गया कि शुभ मुहूर्त और लग्न में भगवान श्रीराम का राजतिलक होने वाला था। अयोध्या में उत्सव का माहौल था और चारों ओर खुशी का वातावरण दिखाई दिया। इस दृश्य ने दर्शकों को एक दिव्य अनुभव कराया।
मंथरा की चाल से बदला घटनाक्रम

राजतिलक की खबर मिलते ही मंथरा ने रानी कैकेयी को भड़काया। उसने कैकेयी को महाराजा दशरथ से दो वरदान मांगने के लिए उकसाया—भरत का राजतिलक और श्रीराम को 14 वर्ष का वनवास। इस मोड़ पर कहानी ने भावनात्मक रूप ले लिया।

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वनवास की लीला ने किया भावुक

कलाकारों द्वारा श्रीराम, सीता और लक्ष्मण के वन गमन का दृश्य बेहद जीवंत और मार्मिक रहा। जैसे ही श्रीराम वनवास के लिए निकले, दर्शकों की आंखें नम हो गईं। मंचन की प्रस्तुति ने हर किसी के हृदय को छू लिया।

कलाकारों के अभिनय ने बांधा समां

निर्देशक मुकेश कुमार जोशी के निर्देशन में कलाकारों ने शानदार अभिनय किया। हर संवाद और दृश्य में जीवंतता झलक रही थी, जिससे दर्शक पूरे समय मंचन से जुड़े रहे। यहां लक्ष्मण के पात्र अंशिका जीना ने श्री राम के साथ बनवास चलने के अत्यंत मार्मिक अभिनय से खुद भी भावुक होकर भूमिका को जीवंत किया साथ ही सभी को रुला दिया।

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इस दौरान राम की भूमिका में मानसी रावत ने अपनी दिव्य गायन शैली व मिठास भरी आवाज से सभी को मनमोहित कर दिया।

बताते चले यहां रामलीला में बनवास के दिन भी कलाकारों के अभिनय को देखने के लिए भारी भीड़ उमड़ी।

मंच संचालन रिम्पी बिष्ट ने किया।

कार्यक्रम की आयोजक व संस्थाध्यक्ष तनुजा जोशी व महामंत्री कौशलेंद्र भट्ट ने बताया कि महिला रामलीला का रोमांच दर्शकों पर बढ़चढ़ कर दिखाई दे रहा है। आने वाले दिनों में परिसर में बैठने की जगह नही मिलेगी। उन्होंने बताया कि संभ्रांत नागरिकों का व जनता का भरपूर सहयोग मिल रहा है।

यहां सीता की भूमिका में खुशी जोशी, दशरथ- भुवनेश्वरी जोशी, कैकेयी- गीता नैनवाल, मंथरा- प्रीति सक्सेना, कौशल्या-कामिनी पाल, सुमित्रा – अंजू जोशी, सुमंत-गीता तिवारी, वशिष्ट- जया तिवारी ने निभाई।

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इस अवसर पर रेड क्रॉस सोसायटी के अध्यक्ष नवनीत राणा, विजय बहादुर सिसोदिया, पूर्व छात्र संघ अध्यक्ष नितिन ब्ल्यूटिया, वरिष्ठ समाजसेविका ऊषा मुकेश, उद्योगपति निर्भय पाल, शिवांगी पाल, शालिनी गुप्ता, योगिता बनोला, इशिका शर्मा, योगेंद्र साहू, संगीत निर्देशक मोहन चन्द्र जोशी, योगेश भोज, हर्षवर्धन जोशी, कुश पांडे, समीर शुक्ला, तारा चन्द्र उप्रेती, गिरीश चन्द्र तिवारी, मनोज तिवारी, दिनेश फुलारा, पुष्पा संभल, एनडी तिवारी, केशव दत्त तिवारी, गौरव जोशी, वरिष्ठ अधिवक्ता मकरंद प्रताप सिंह, सीमा देवल, सुरेश चंद्र तिवारी, मोहन चंद्र बलुटिया, नारायण दत्त सनवाल सहित तमाम लोग उपस्तिथ थे।

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