कुमाऊं की लोक परंपरा, अध्यात्म और आधुनिक आतिथ्य का संगम: बेरीपड़ाव में खुला ‘उदय बाखई’, जानिए क्यों बना चर्चा का केंद्र

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शंखनाद, वेदमंत्रों की गूंज और मशकबीन-छोलिया की धुन के बीच भव्य शुभारंभ; सांसद पत्नी पुष्पा भट्ट, प्रख्यात कथावाचक व्यास मनोज कृष्ण जोशी और विधायक डॉ. मोहन बिष्ट सहित कई हस्तियां बनीं गवाह।

बेरीपड़ाव (नैनीताल): कुमाऊं के प्रवेश द्वार के समीप बेरीपड़ाव में आज का दिन सामान्य दिनों से सर्वथा भिन्न नजर आया। वातावरण में गूंजती शंखध्वनि, आचार्यों के सधे कंठ से उच्चारित वैदिक ऋचाएं, मशकबीन की मोहक धुन और पारंपरिक छोलिया नर्तकों की खनकती ढाल-तलवारों की थाप ने पूरे क्षेत्र को उत्सव के रंग में सराबोर कर दिया। राहगीर और स्थानीय लोग उत्सुकता से रुक-रुक कर इस कौतूहल और उल्लास की वजह जानने लगे। अवसर था क्षेत्र के नवनिर्मित एवं प्रतिष्ठित प्रतिष्ठान ‘उदय बाखई’ के भव्य एवं गरिमामय शुभारंभ का।

देवभूमि उत्तराखंड की समृद्ध लोक-संस्कृति, सनातन परंपराओं और आधुनिक आतिथ्य का यह अनूठा संगम आज क्षेत्र में दिनभर चर्चा का प्रमुख विषय बना रहा।

वैदिक मंत्रोच्चार और संतों के सानिध्य में दीप प्रज्वलन

प्रतिष्ठान का विधिवत उद्घाटन पूर्व केंद्रीय रक्षा राज्य मंत्री एवं नैनीताल-ऊधमसिंह नगर संसदीय क्षेत्र से सांसद अजय भट्ट की धर्मपत्नी एडवोकेट श्रीमती पुष्पा भट्ट द्वारा किया गया। यह पुनीत कार्य विख्यात कथावाचक व्यास मनोज कृष्ण जोशी के पावन सानिध्य और मार्गदर्शन में संपन्न हुआ।

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व्यास मनोज कृष्ण जोशी के साथ पधारे विद्वान आचार्यों के दल ने शास्त्रोक्त पद्धति से पूजा-अर्चना और नवग्रह पूजन कराया। आचार्यों द्वारा किए गए मंत्रोच्चार से संपूर्ण परिसर दिव्य आध्यात्मिक ऊर्जा से प्रफुल्लित हो उठा। मुख्य अतिथि पुष्पा भट्ट ने कहा कि देवभूमि के संस्कार और अतिथि देवो भवः की भावना ही हमारे आतिथ्य की वास्तविक पहचान है। उन्होंने प्रतिष्ठान के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए इसे स्थानीय स्वरोजगार की दिशा में भी एक सराहनीय कदम बताया।

छोलिया नृत्य और मशकबीन की धुनों पर झूमे अतिथि

उद्घाटन समारोह को उत्तराखंड की लोक-सांस्कृतिक विरासत ने और भी जीवंत बना दिया। कुमाऊं की ऐतिहासिक पहचान छोलिया नृत्य के कलाकारों ने जब पारंपरिक वेशभूषा में तलवार और ढाल के साथ अपनी युद्ध-नृत्य कला का प्रदर्शन किया, तो उपस्थित जनसमूह तालियां बजाने पर विवश हो गया।

वहीं, पहाड़ी शादी-ब्याह और मांगलिक कार्यों की आत्मा मानी जाने वाली मशकबीन की मधुर धुनों ने पूरे माहौल को उल्लास और उमंग से भर दिया। आधुनिक होटल के प्रांगण में लोक वाद्ययंत्रों और नर्तकों की यह प्रस्तुति आधुनिकता और परंपरा के सुंदर मेल को दर्शा रही थी।

शत चंडी महायज्ञ और श्रीमद् भागवत कथा का पावन प्रभाव

‘उदय बाखई’ के शुभारंभ की विशेषता यह भी रही कि इसे केवल एक व्यावसायिक आयोजन तक सीमित नहीं रखा गया। परिसर में इन दिनों धार्मिक अनुष्ठानों की विशेष श्रृंखला चल रही है। यहां आयोजित शत चंडी महायज्ञ और श्रीमद् भागवत कथा के अमृत प्रवाह ने उद्घाटन समारोह को आध्यात्मिक पर्व में बदल दिया। महायज्ञ की पूर्णाहुति और भागवत कथा के श्रवण हेतु क्षेत्र के विभिन्न कोनों से श्रद्धालु भी पहुंचे, जिससे उद्घाटन स्थल पर असीम शांति और भक्तिभाव का संचार हुआ।

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क्षेत्रीय विधायक डॉ. मोहन सिंह बिष्ट ने दी बधाई

कार्यक्रम के दौरान लालकुआं क्षेत्र के विधायक डॉ. मोहन सिंह बिष्ट ने विशेष रूप से ‘उदय बाखई’ पहुंचकर प्रतिष्ठान के स्वामियों को शुभकामनाएं दीं। विधायक डॉ. बिष्ट ने प्रतिष्ठान के इंफ्रास्ट्रक्चर और पारंपरिक शैली के जुड़ाव की सराहना करते हुए कहा कि बेरीपड़ाव और आसपास के क्षेत्रों में पर्यटन व आतिथ्य सेवाओं के विस्तार से क्षेत्र का नाम रोशन होगा और स्थानीय युवाओं के लिए नए अवसर सृजित होंगे।

अपनी मिट्टी और संस्कृति को समर्पित है ‘उदय बाखई’

प्रतिष्ठान के स्वामी गोपाल गोस्वामी एवं नन्दन गोस्वामी ने कार्यक्रम में पधारे सभी अतिथियों, संतों, जनप्रतिनिधियों और शुभचिंतकों का शॉल ओढ़ाकर व पारंपरिक रूप से आभार व्यक्त किया।

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प्रतिष्ठान के स्वामियों ने भावुक स्वर में कहा:

“‘बाखई’ शब्द हमारे उत्तराखंड की पारंपरिक वास्तुशिल्प और संयुक्त परिवार के अपनापन से जुड़ा हुआ है। हमारा ध्येय केवल एक होटल संचालित करना नहीं, बल्कि बाहर से आने वाले प्रत्येक अतिथि को देवभूमि के पारंपरिक आतिथ्य, यहां के खानपान और हमारे संस्कारों का आत्मीय अनुभव कराना है। आज संतों और इष्ट-मित्रों के आशीर्वाद से यह यात्रा प्रारंभ हुई है।”

समाज के विभिन्न वर्गों की रही गरिमामय उपस्थिति

इस ऐतिहासिक पल के साक्षी बनने के लिए राजनीतिक, सामाजिक, व्यापारिक और प्रशासनिक जगत से जुड़ी कई प्रमुख हस्तियां उपस्थित रहीं। कार्यक्रम में मुख्य रूप से शामिल रहे:

  • लक्ष्मण खाती (सांसद प्रतिनिधि)
  • कमलेश चंदोला (पूर्व जिला पंचायत सदस्य)
  • देबू बिष्ट (वरिष्ठ जनप्रतिनिधि)
  • हेमन्त नरूला (वरिष्ठ भाजपा नेता)
  • विपिन पांडे (प्रसिद्ध समाजसेवी)
  • प्रकाश गरजौला
  • सुरेश भट्ट
  • राकेश कुमार

इनके अतिरिक्त गोस्वामी परिवार के तमाम रिश्तेदार, इष्ट-मित्र और क्षेत्र के सैकड़ों गणमान्य नागरिकों ने कार्यक्रम में सहभागिता कर प्रतिष्ठान के संचालकों को अपना स्नेह और आशीर्वाद प्रदान किया। कार्यक्रम का समापन भव्य भंडारे और प्रसाद वितरण के साथ हुआ।

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