जब सैकड़ों बहनों के स्नेह के बीच भावुक हो उठे दीपेन्द्र कोश्यारी… जानिए लालकुआँ में क्यों उमड़ा मातृशक्ति का यह महासैलाब?

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लालकुआँ। किसी ने सच ही कहा है कि जब धागे रेशम के हों और भावनाएं दिल की गहराई से जुड़ी हों, तो वह सिर्फ एक पर्व नहीं बल्कि अटूट विश्वास और सम्मान की मिसाल बन जाता है। लालकुआँ विधानसभा क्षेत्र स्थित प्रेम चुनरिया बैंक्वेट हॉल में एक ऐसा ही अनूठा व भावुक कर देने वाला दृश्य देखने को मिला, जहां भाजपा प्रदेश महामंत्री दीपेन्द्र सिंह कोश्यारी की कलाई पर रक्षा-सूत्र बांधने के लिए मातृशक्ति का अपार सैलाब उमड़ पड़ा।
मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी जी के आह्वान पर आयोजित इस भव्य ‘दीदी-बहनी उत्सव’ में चारों मंडलों से पहुंचीं सैकड़ों बहनों के अपार स्नेह और आत्मीयता ने पूरे माहौल को उत्सवमय बना दिया।
पवित्र रक्षाबंधन: रक्षा, सम्मान और सामाजिक समरसता का प्रतीक
भारतीय संस्कृति में रक्षाबंधन केवल एक धागे का बंधन नहीं, बल्कि भाई-बहन के पवित्र प्रेम, त्याग, सुरक्षा और परस्पर विश्वास का पावन महापर्व है। यह पर्व स्मरण कराता है कि नारी का सम्मान और उसकी सुरक्षा ही किसी भी सभ्य समाज और सशक्त राष्ट्र की वास्तविक रीढ़ है। इतिहास साक्षी है कि रक्षा-सूत्र की एक डोर ने बड़े-बड़े संकटों को टाला और समाज को समरसता के सूत्र में पिरोया है। आज के युग में यह पावन पर्व केवल पारिवारिक सीमाओं तक सीमित न रहकर ‘नारी सम्मान और महिला सशक्तिकरण’ का एक व्यापक सामाजिक संकल्प बन चुका है।
तिलक, राखी और शॉल ओढ़ाकर सम्मान की मनमोहक परंपरा
उत्सव में मुख्य अतिथि के रूप में पधारीं भाजपा प्रदेश मंत्री नेहा जोशी का भव्य स्वागत व अभिनंदन किया गया। कार्यक्रम के दौरान बहनों ने वैदिक मंत्रोच्चार और आत्मीय भाव के साथ दीपेन्द्र सिंह कोश्यारी को तिलक लगाकर उनकी कलाई पर रक्षा-सूत्र बांधा और उनके दीर्घायु व मंगलमय जीवन की कामना की।
बहनों के इस अगाध स्नेह से अभिभूत दीपेन्द्र सिंह कोश्यारी ने सभी बहनों के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करते हुए उन्हें पुष्पगुच्छ भेंट किए और शॉल ओढ़ाकर सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि मातृशक्ति का यह निस्वार्थ आशीर्वाद ही जनसेवा के संकल्प को नई ऊर्जा और शक्ति प्रदान करता है।
सामाजिक समरसता और महिला सशक्तिकरण का शंखनाद
इस भव्य आयोजन ने समाज में समरसता, भाईचारे और महिला उत्थान का सशक्त संदेश दिया। मंच का कुशल एवं प्रभावी संचालन तारा पांडे एवं कंचन भट्ट द्वारा संयुक्त रूप से किया गया।
प्रमुख गणमान्य जनों की रही गरिमामयी उपस्थिति
कार्यक्रम में मुख्य रूप से नेहा जोशी, तारा पांडे,  नवीन पपोला, पान सिंह मेवाड़ी, अरुण जोशी, राजकुमार सेतिया, बॉबी सम्भल, संजय अरोरा, अरुण प्रकाश, राजलक्ष्मी पंडित, ममता चौहान, आनन्दी बिष्ट, देवेन्द्र सिंह बिष्ट, गोपाल जोशी, विमल कांडलपाल, रोहन चौधरी, ललित प्रसाद सहित चारों मंडलों के वरिष्ठ पदाधिकारी, कर्मठ कार्यकर्ता एवं भारी संख्या में मातृशक्ति उपस्थित रही।