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नवरात्री विशेष: हिमालय की रहस्यमयी वादियों में छुपा देवभूमि का वह चमत्कारी धाम, जहाँ शीश नवाए बिना अधूरी मानी जाती है महाकाली की साधना!

  स्कंद पुराण में वर्णित पिथौरागढ़ का इकलौता अम्बिका शक्तिपीठ; जहाँ नतमस्तक होते हैं सहस्रफणी शेषनाग, जानिए सदियों से आस्था का केंद्र रहे इस अलौकिक दरबार का रहस्य… देवभूमि उत्तराखंड….

अलौकिक शांति का केंद्र है माँ अवंतिका धाम: एचडीएफसी बैंक प्रबंधक मनु गोस्वामी ने किए दर्शन, क्षेत्र की समृद्धि की कामना

  अलौकिक शांति का केंद्र है माँ अवंतिका धाम: एचडीएफसी बैंक प्रबंधक मनु गोस्वामी ने किए दर्शन, क्षेत्र की समृद्धि की कामना लालकुआँ। एचडीएफसी बैंक के शाखा प्रबंधक मनु गोस्वामी….

आखिर क्यों माया के जाल में उलझ गए त्रिकालदर्शी नारद? लालकुआं के मंच पर जब खुला तीनों लोकों का वो बड़ा रहस्य!

  लालकुआं। श्री आदर्श रामलीला कमेटी के तत्वाधान में नगर के अम्बेडकर पार्क में क्षेत्रीय कलाकारों द्वारा आयोजित श्री रामलीला का विधिवत शुभारम्भ मुख्य अथिति क्षेत्रीय विधायक डॉ मोहन बिष्ट,….

॥ श्री दुर्गार्चनम्: नवरात्रि विशेष ॥ पनार घाटी के आँचल में जाग्रत ‘भवानी उड्यार’: जहाँ कामधेनु ने किया था आदिशक्ति का पावन दुग्धाभिषेक

  स्कन्दपुराण के मानसखण्ड से ‘भवानीवल्लभा’ कन्दरा का विस्तृत पौराणिक आख्यान; राजा विदूरथ की भक्ति, सुरभी की अविरल अमृतधारा, लोक-संस्कृति के ‘उड्यार’ और रामेश्वर तीर्थ की सुरम्य यात्रा विशेष रपट:….

॥ पितृ पक्ष विशेष ॥ गरुड़ पुराण में एकादशी माहात्म्य: मोक्ष और चक्रवर्ती साम्राज्य का वरदान, जानें क्यों वर्जित है दशमी-विद्धा व्रत

  ॥ पितृ पक्ष विशेष ॥ गरुड़ पुराण में एकादशी माहात्म्य: मोक्ष और चक्रवर्ती साम्राज्य का वरदान, जानें क्यों वर्जित है दशमी-विद्धा व्रत लेखक: रमाकांत पंत सनातन धर्म में व्रतों….

दृष्टि के शिल्पी, मानवीय संवेदनाओं के संवाहक: हल्द्वानी के वरिष्ठ नेत्र सर्जन डॉ. आर. एन. मेहरोत्रा को भेंट की गई ‘आदिशक्ति माँ अवंतिका’

  हल्द्वानी। चिकित्सा केवल एक पेशा नहीं, बल्कि ईश्वरीय सेवा का वह पावन माध्यम है जहाँ ज्ञान, अनुभव और करुणा एक साथ मिलकर किसी के जीवन में नव-प्रकाश भरते हैं।….

पितृ पक्ष विशेष प्रस्तुति: ब्रह्मांड का वह रहस्यमयी चक्रव्यूह: जहां सूर्य के रथ पर सवार हैं सात छंद और देवता भी तरसते हैं भारत में जन्म लेने को!

पितृ पक्ष विशेष प्रस्तुति: ब्रह्मांड का वह रहस्यमयी चक्रव्यूह: जहां सूर्य के रथ पर सवार हैं सात छंद और देवता भी तरसते हैं भारत में जन्म लेने को! क्या आपने कभी….

मातृ-हृदय और मसीहा का स्पर्श: वात्सल्य की पावन प्रतिमूर्ति डॉ. ऋतु रखोलिया

  रुद्रपुर /कहते हैं कि जब ईश्वर हर जगह सशरीर उपस्थित नहीं रह पाता, तब वह धरती पर माँ को रचता है; और जब किसी मासूम की साँसें उखड़ने लगती….

पितृ पक्ष विशेष : गया जी और विष्णुपद: अकाल मृत्यु के चक्रव्यूह से मुक्ति और पितरों के महामोक्ष का दिव्य केंद्र

  गया जी और विष्णुपद: अकाल मृत्यु के चक्रव्यूह से मुक्ति और पितरों के महामोक्ष का दिव्य केंद्र गया/नई दिल्ली: मृत्यु के उपरांत जीवात्मा की यात्रा कैसी होती है? क्या….

【 पितृ पक्ष विशेष 】 शिला पर शिव-चरण और त्रिवेणी की अमृत-धार: क्या पूर्वजों के तर्पण बिना अधूरा है जीवन का शृंगार?

  【 पितृ पक्ष विशेष 】 शिला पर शिव-चरण और त्रिवेणी की अमृत-धार: क्या पूर्वजों के तर्पण बिना अधूरा है जीवन का शृंगार? संसार की आपाधापी और नश्वर वैभव के….