Category: धार्मिक / आध्यात्मिक

“संगम की पवित्र धरा बागेश्वर: अनदेखे चमत्कार और अमर कथाओं का तीर्थ”

“हिमालय का काशी बागेश्वर: संगम, शिव और अदृश्य शक्तियों का तीर्थ” “बागनाथ की नगरी: सरयू :गोमती के संगम पर छिपा मोक्ष का रहस्य” “बागेश्वर धाम: जहाँ हर धड़कन में शिव….

“माघ कृष्ण एकादशी पर गूंजेगा भक्ति-सुमन :स्वामी बालकृष्ण यति जी महाराज के जन्मदिवस महोत्सव में होगा भव्य भण्डारा व गुरुपूजन”

  हल्द्वानी/नैनीताल। अधदशभुजा श्री महालक्ष्मी मंदिर, बेरी पड़ाव, मोटाहल्दू (हल्द्वानी) में ब्रह्मलीन महामंडलेश्वर स्वामी बालकृष्ण यति जी महाराज का पावन जन्मदिवस महोत्सव इस वर्ष बड़े हर्षोल्लास और भक्ति-भाव के साथ….

अविनाशी काशी के अधिष्ठाता गणेश

  काशी अविनाशी, अनादि और अनन्त केवल भगवान शिव की नगरी ही नहीं, अपितु यह वह दिव्य क्षेत्र है जहाँ समस्त देवतत्त्व एकाकार होकर सृष्टि को मोक्ष का मार्ग दिखाते….

जहाँ अग्नि भी आराधना करती है: अरावली में छिपा ईडाणी माता का अनकहा रहस्य

  अग्नि भी जहाँ शीश नवाती है: अरावली की गोद में विराजती रहस्यमयी ईडाणी माता विशेष फीचर | उदयपुर (राजस्थान) अरावली की प्राचीन पर्वत-श्रृंखलाएँ साक्षी हैं कि भारत की धरती….

शैल’ पर्वत के शिखर पर विराजमान इस देवी के दरबार में आदि जगतगुरु शंकराचार्य ने मांगी क्षमा

गंगोलीहाट की हाट कालिका माता का दरबार सदियों से श्रद्धा आस्था व विश्वास का संगम रहा है देवी के इस दरबार में पहुंचते ही श्रद्धालुजनों में आध्यात्मिक उमंग की अद्भूत आभा झलकती है हाट कालिका….

“बाबा श्याम की महिमा अपरम्पार, कीर्तन में भाग लेने से जीवन होता है धन्य: नरेश चौधरी”

  लालकुआँ। उत्तराखंड के सांस्कृतिक और आध्यात्मिक वातावरण में बाबा श्याम का कीर्तन भक्तों के जीवन में नई ऊर्जा और आध्यात्मिक उल्लास भरता है। इस संदर्भ में लालकुआँ के युवा….

“भक्तों की उपस्थिति में 11 जनवरी को माँ भद्रकाली मंदिर समिति का चुनाव”

  जनपद बागेश्वर की पावन धरती, कमस्यार घाटी में स्थित माँ भद्रकाली का दिव्य मंदिर एक बार फिर भक्ति, आस्था और उत्तरदायित्व के संगम का साक्षी बनने जा रहा है।….

“सेंचुरी मिल से जगी थी श्याम भक्ति की ज्योति: पंडित छोटे लाल शर्मा थे कुमाऊँ में श्री श्याम भक्ति के निष्ठावान ध्वजवाहक”

  हल्द्वानी/लालकुआँ। कुमाऊँ अंचल में आज जिस भव्यता और श्रद्धा के साथ बाबा श्री श्याम की भक्ति गूँज रही है, उसके मूल में जिन विभूतियों का योगदान रहा, उनमें पण्डित….

“ज्ञान और गुरु का दिव्य धाम: काशी का देवगुरु बृहस्पति मंदिर”

  काशी, यानी हिन्दू धर्म की प्राचीन नगरी, सिर्फ भगवान शिव की नगरी नहीं है, बल्कि यहाँ अनेक ऐसे पावन स्थल हैं, जो भक्तों के जीवन में ज्ञान, धर्म और….

पवनपुत्र हनुमान के पाँच सगे भ्राता त्याग, मर्यादा और धर्म की उज्ज्वल परंपरा

सनातन परंपरा में हनुमान जी को जहाँ अखंड ब्रह्मचारी, रामभक्त और महावीर के रूप में जाना जाता है, वहीं ब्रह्मांड पुराण में उनके पाँच सगे छोटे भाइयों का भी सुंदर….